जिलाधिकारी जितेंद्र डूडी ने कहा— SIR के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए विधानसभा स्तर पर प्रशिक्षण और व्यापक जनजागरूकता जरूरी
पुणे, 20 जून भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कार्यक्रम की शुरुआत शनिवार से पुणे जिले में हो गई। इस अवसर पर जिला कलेक्ट्रेट में मतदाता पंजीकरण अधिकारियों एवं सहायक अधिकारियों का प्रशिक्षण आयोजित किया गया।
जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जितेंद्र डूडी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विधानसभा क्षेत्रों में मतदान केंद्र स्तरीय अधिकारियों (बीएलओ) का प्रशिक्षण कराया जाए तथा SIR अभियान के प्रति व्यापक जनजागरूकता की जाए। उन्होंने कहा कि पुणे में राज्य की सर्वाधिक मतदाता संख्या है, इसलिए कोई भी पात्र मतदाता छूटे नहीं और कोई अपात्र व्यक्ति सूची में शामिल न हो, यह सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने राजनीतिक दलों के साथ नियमित समन्वय, मीडिया के माध्यम से प्रचार-प्रसार तथा सभी विभागों के सहयोग से अभियान को सफल बनाने पर जोर दिया। साथ ही बीएलओ को घर-घर जाकर मतदाताओं का मार्गदर्शन करने के निर्देश भी दिए।
कार्यक्रम की प्रमुख तिथियां
29 जून तक बीएलओ का प्रशिक्षण एवं गणना प्रपत्रों की छपाई।
30 जून से 29 जुलाई तक घर-घर जाकर प्रपत्रों का वितरण।
5 अगस्त को प्रारंभिक मतदाता सूची का प्रकाशन।
5 अगस्त से 4 सितंबर तक दावे एवं आपत्तियां स्वीकार की जाएंगी।
7 अक्टूबर 2026 को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी।

